असम के एक छोटे से गाँव में स्थित जंगल के बारे में गाँववालों के बीच एक खौ़फनाक कहानी थी। यह जंगल एक बहुत घना और रहस्यमयी स्थान था, जिसे लोग ‘काला जंगल’ कहते थे। गाँववालों का कहना था कि जो भी उस जंगल में प्रवेश करता था, वह या तो गायब हो जाता था या फिर उसकी मानसिक स्थिति बिगड़ जाती थी।
कहानी कई पीढ़ियों से चलती आ रही थी, और जब भी कोई नया व्यक्ति उस गाँव में आता, तो उसे इस जंगल के बारे में चेतावनी दी जाती। लेकिन एक दिन, एक साहसी लड़का, राहुल, जिसने अजीब-अजीब कहानियाँ सुनी थी, ने तय किया कि वह जंगल में जाकर देखेगा कि आखिर क्या सच है। राहुल एक जिज्ञासु और साहसी लड़का था, और उसे यह सब डरावनी बातें बेकार लगती थीं।
राहुल ने एक शाम को जंगल की ओर रुख किया। जब वह जंगल के किनारे पहुँचा, तो चारों ओर अजीब सी सन्नाटा था। हवा में एक ठंडक थी, और पेड़ों की शाखाएँ अपनी-अपनी दिशा में हिल रही थीं, जैसे कोई अदृश्य ताकत उन्हें हिला रही हो। राहुल ने सोचा कि वह बस थोड़ी दूर तक जाएगा, लेकिन जैसे ही वह जंगल में और अंदर गया, एक अजीब सी ख़ामोशी छा गई। उसकी सांसें तेज़ हो गईं, और उसकी आँखें हर आहट पर चौकस हो गईं।
जंगल के बीच में, राहुल ने देखा कि कुछ पेड़ों के बीच एक पुराना, कटा-फटा घर था। घर का दरवाजा बंद था, और खिड़कियाँ भी टूटी हुई थीं। उसे लगा कि यह घर किसी पुराने परिवार का हो सकता है, जो अब यहाँ नहीं रहता। लेकिन अचानक, घर के भीतर से एक अजीब सी आवाज आई। राहुल की धड़कनें तेज़ हो गईं, लेकिन उसने हिम्मत जुटाई और दरवाजे की ओर बढ़ा।
जैसे ही राहुल ने दरवाजा खोला, एक ठंडी हवा का झोंका उसे अंदर खींचने लगा। वह अंदर घुसा, और तभी उसे महसूस हुआ कि यह घर न केवल सुनसान था, बल्कि इस घर में कोई और था। घर के अंदर हर जगह पुरानी चीज़ें बिखरी हुई थीं। अचानक, उसे एक खौ़फनाक सी चीख सुनाई दी, और राहुल का दिल धड़कने लगा।
“यह…यह क्या था?” राहुल ने अपने आप से कहा। वह धीरे-धीरे आवाज की दिशा में बढ़ा। घर के एक कमरे में, उसने देखा कि एक पुरानी महिला, जिसकी आँखें पूरी काली थीं, और शरीर पर पुराने कपड़े थे, खड़ी थी। उसका चेहरा मुरझाया हुआ था, और उसकी त्वचा झुर्रियों से भरी हुई थी। महिला ने राहुल की ओर घूरते हुए कहा, “तुमने मेरे घर में कदम रखा है, अब तुम यहाँ से बाहर नहीं जा सकते।”
राहुल ने डर के मारे कुछ नहीं कहा और भागने की कोशिश की, लेकिन महिला ने उसकी दिशा बदल दी। “तुम अब हमारी दुनिया में हो, और यहाँ से वापस नहीं जा सकते।” महिला की आवाज़ अब बहुत डरावनी हो गई थी। राहुल की नजरें हर ओर घूमने लगीं, और अचानक उसे कमरे के चारों ओर छायाएँ दिखाई देने लगीं। छायाएँ आकार ले रही थीं और धीरे-धीरे उसे घेर रही थीं।
राहुल ने जान की सलामती के लिए अपनी पूरी ताकत लगाते हुए, घर से बाहर की ओर दौड़ने की कोशिश की। लेकिन जैसे ही वह बाहर की ओर बढ़ा, उसका रास्ता रुक गया। दरवाजे का रास्ता बंद हो चुका था। उसे महसूस हुआ कि वह एक ट्रैप में फंस चुका है। महिला की हंसी अब उसके कानों में गूंज रही थी, और वह महसूस कर रहा था कि चारों ओर से अजीब ताकतें उसे घेर रही हैं।
तभी, अचानक उसे याद आया कि गाँववालों ने उसे एक कहानी सुनाई थी, जिसमें कहा गया था कि काला जंगल एक रहस्यमयी शक्ति का घर था, और जो भी उसके भीतर जाता, वह उस शक्ति के कब्जे में आ जाता। राहुल ने उसी समय, मन ही मन सोचा, “क्या यही वह शक्ति है?”
राहुल की आँखों में अब एक आखिरी उम्मीद थी। उसने ध्यान केंद्रित किया और अपने भीतर एक अद्भुत शक्ति महसूस की। वह पूरी ताकत से चीखा और अपनी आँखें बंद कर लीं। अचानक, जैसे ही उसने अपनी आँखें खोलीं, वह खुद को जंगल के बाहर पाया।
राहुल की हालत बेहाल थी, और उसका दिल बुरी तरह धड़क रहा था। उसने समझ लिया कि काला जंगल और वह पुराना घर केवल एक जगह नहीं थे, बल्कि एक अदृश्य दुनिया थी, जिसे कोई भी नहीं समझ सकता। वह गाँव वापस लौट आया, लेकिन उसकी आँखों में वह डर हमेशा के लिए छा गया था।
गाँववाले उसे देखकर समझ गए थे कि वह उन अजीब ताकतों का सामना करके वापस लौटा था। अब राहुल भी इस रहस्यमयी जंगल के बारे में चुप रहता था, और उसने कभी भी उस जंगल के भीतर जाने का ख्याल नहीं किया।